3 महीनों में 50 हजार से ज्यादा लोगों ने किए चारधाम के दर्शन ज़रूरत नहीं कोरोना निगेटिव रिपोर्ट की

जानकारी के अनुसार बीते तीन महीनों में 50 हजार से ज्यादा दर्शनार्थियों ने उत्तराखंड के चारधाम में दर्शन किए. कोरोना काल में आने वाले दर्शनार्थियों को लेकर संक्रमण की आशंका के चलते अब तक यात्रियों को कोरोना निगेटिव रिपोर्ट लाने की जरूरत होती थी. लेकिन अब लोग जागरुक हैं और पूरी सावधानी के साथ नियमों का पालन कर रहे हैं. ऐसे में उत्तराखंड चारधाम देवस्थानम बोर्ड ने भी श्रदालुओं के लिए परेशानी को कम करने की कोशिश की है. इसलिए अब कोरोना की निगेटिव रिपोर्ट लाने की जरूरत नहीं है. कोई भी व्यक्ति उत्तराखंड चारधाम देवस्थानम बोर्ड की वेबसाइट पर दर्शन के लिए रजिस्ट्रेशन करवाकर उत्तराखंड आसानी से आ सकता है.

ImageSource

देवस्थानम बोर्ड के मीडिया प्रभारी डॉ. हरीश गौड़ ने जानकारी दी है कि 3 अक्टूबर को 4844 लोगों ने चारधाम यात्रा के लिए ई-पास बुक कराए हैं. इसमें बद्रीनाथ के लिए 1172, केदारनाथ के लिए 2647, गंगोत्री के लिए 641 और यमुनोत्री के लिए 384 लोगों ने ई-पास बुक किए हैं. बीते तीन महीनों में कुल 92516 लोगों ने चारधाम यात्रा के लिए रजिस्ट्रेशन कराए हैं.

दर्शनार्थी कर रहे हैं सभी नियमों का पालन
1. जो भी श्रद्धालु आ रहे हैं वे सभी कोरोना के नियमों का पालन कर रहें हैं. सभी श्रद्धालु मास्क लगाने से ‌लेकर सोशल डिस्टेंसिंग तक सभी नियमों का पालन कर रहे हैं. वहीं मंदिरों में दर्शनार्थियों के प्रवेश करने से पहले उनकी थर्मल स्क्रीनिंग भी की जा रही है.

2. जो यात्री यहां कुछ दिन रुकना चाहते हैं, देवस्थानम बोर्ड ने उनके लिए विश्राम गृह खोल दिए हैं.

3. जिन यात्रियों में कोरोना के लक्षण दिखाई दिए तो उन्हें मंदिरों में प्रवेश की अनुमति नहीं मिलेगी.

4. जो श्रद्धालु हेलीकॉप्टर से आएंगे उन्हें ई-पास के संबंध में छूट दी जा रही है. हेलीकॉप्टर से आने वाले यात्रियों के स्वास्थ्य जांच की जिम्मेदारी संबंधित हेलीकॉप्टर कंपनी की ही होगी.